माइल स्टोन स्कूल की अनियमितातों को नज़र अंदाज़ क्यों कर रहे हैं जिला शिक्षा अधिकारी ?

Posted on: 09-01-2019

दुर्ग जिले के शिक्षा विभाग की गड़बड़ियों और उसकी लीपा पोती की फेहरिस्त लंबी होती जा रही है . पिछले दिनों डीपीएस भिलाई के द्वारा की गई गड़बड़ियों के चलते डीपीएस की मान्यता का नवीनीकरण नहीं किया गया था , फिर भी वह स्कूल धड़ल्ले से चल रहा है . संज्ञान कराने पर डीईओ कार्यालय द्वारा कोई प्रतिकृया नहीं दी गई . अब अनेकों स्कूलों के प्रकरणों में कमियां मिलने लगी हैं और कुछ को केवल नोटिस के अलावा कोई कड़ी कार्यवाही नहीं की गई . इस सब का कारण क्या जिला शिक्षा अधिकारी के कार्यालय की मिली भगत है या उनके द्वारा नज़र अन्दाज़ करने की आदत है परंतु इस सब का लाभ मनमानी ढंग से अनेक प्राइवेट स्कूल उठा रहे हैं . पूरब टाइम्स की एक रिपोर्ट ..

पूरब टाइम्स, भिलाई दुर्ग . प्राप्त जानकारी के अनुसार पिछले साल माइल स्टोन स्कूल की गड़बड़ियों को एक समाजसेवी द्वारा जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय को संज्ञान करवाया गया था . उक्त स्कूल पर कार्यवाही होने की जगह उक्त स्कूल के द्वारा एक चिट्ठी देकर, कुछ मामले में अपलोडिंग में त्रुटि तो किसी मामले में लिपीकीय त्रुटि बताकर , अपना स्पष्टीकरण दे दिया गया . जिला शिक्षा अधिकारी ने किसी भी तरह की जांच बिठाने की जगह उस पत्र को मान्यता देकर सारी अनियमिततों को समप्त मान लिया . ना ही किसी बात का भौतिक सत्यापन किया और ना ही उक्त स्कूल को किसी भी प्रकार से दंडित किया . यह बात उच्च प्रशासन के द्वारा जांच योग्य है कि एक्ट के हिसाब से जिन बातों में रियायत देने का प्रावधान नहीं है , उसे जिला शिक्षा अधिकारी ने बिना जांच के कैसे केवल चेतावनी देकर छोड़ दिया .