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सूरजपुर। शुक्रवार को एक नर दंतैल (टस्कर) हाथी का शव मिला है। शव सड़ी-गली हालत में था। आशंका है कि उसकी मौत करीब 10 से 12 दिन पहले हुई होगी। सूचना मिलने के बाद वन विभाग का अमला मौके पर पहुंच गया है। हाथी की मौत का कारण पोस्टमार्टम के बाद ही स्पष्ट होगा। प्रदेश में एक साल के दौरान 12 हाथियों की मौत हो चुकी है। अफसरों का कहना है कि हाथी किस दल का है, इसकी जानकारी नहीं मिल पाई है।

हाथी की उम्र करीब 20 से 25 साल के बीच बताई जा रही है। हर बार की तरह चरवाहे से ही विभाग को हाथी के शव की जानकारी मिली। अफसरों का कहना है कि अंदरूनी क्षेत्र के चलते पता नहीं चला।हाथी की उम्र करीब 20 से 25 साल के बीच बताई जा रही है। हर बार की तरह चरवाहे से ही विभाग को हाथी के शव की जानकारी मिली। अफसरों का कहना है कि अंदरूनी क्षेत्र के चलते पता नहीं चला।

जानकारी के मुताबिक, प्रतापपुर वन परिक्षेत्र के दरहोरा बीट के कक्ष क्रमांक 101 में नर हाथी का शव पड़े होने की सूचना वन विभाग को मिली थी। यह इलाका असनापारा व पकनी के बीच के जंगल के क्षेत्र का बताया जा रहा है। हाथी की उम्र करीब 20 से 25 साल के बीच बताई जा रही है। हर बार की तरह चरवाहे से ही विभाग को हाथी के शव की जानकारी मिली। अफसरों का कहना है कि अंदरूनी क्षेत्र के चलते पता नहीं चला।


प्रतापपुर रेंजर पीसी मिश्रा नें बताया की वे घटनास्थल पर पहुंच गए हैं। हाथी नर दंतैल है और उम्र 20-25 वर्ष के बीच की है। शव को देखकर लगता है कि हाथी की मौत 10-12 दिन पहले हुई है। उनका कहना है कि घटना स्थल काफी अंदर है। ऐसे में वन विभाग को इसके बारे में पता नहीं चल सका। एक ग्रामीण पहुंचा तो उसने हाथी का शव पड़ा होने की सूचना दी। फिलहाल हाथी को लेकर जानकारी जुटा रहे हैं। संभवत: वह किसी अन्य परिक्षेत्र से पहुंचा था।



कार्यक्रम में धमतरी में उद्योग मंत्री कवासी लखमा तथा मुख्यमंत्री निवास में गृह मंत्री ताम्रध्वज साहू, कृषि मंत्री रविन्द्र चौबे, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री मोहम्मद अकबर, स्कूल शिक्षा मंत्री डॉ. प्रेमसाय सिंह टेकाम, खाद्य आपूर्ति निगम के अध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल, मुख्यमंत्री के अपर मुख्य सचिव सुब्रत साहू और मुख्यमंत्री के सचिव सिद्धार्थ कोमल परदेशी भी उपस्थित थे।


वहीं मां बम्लेश्वरी मंदिर के पहाड़ी से नजारा ऐसे दिखा जैसे बादल जमीन पर उतर आई हो. इस वीडियो को मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने सोशल मीडिया में शेयर किया है. उन्होंने ट्विटर पर लिखा कि  जय मां बम्लेश्वरी. बादलों का यह दृश्य देखिए. डोंगरगढ़ की पहाड़ियों में 1400 फीट ऊपर स्थित मां बम्लेश्वरी का आशीष पाने पहुंचे ये बादल. अद्भुत!

पूरब टाइम्स  रायपुर।. कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए राज्य में  अब तक कुल 72लाख एक हजार 826 टीके लगाए जा चुके हैं। छत्तीसगढ कोविड टीकाकरण के मामले में सब वर्गो में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रहा। स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं‌ के टीकाकरण में राज्य का स्थान पहले दो राज्यों में है। 45 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के नागरिकों का टीकाकरण करने वालेे बडेे़ राज्यों में छत्तीसगढ़ का स्थान प्रथम दस राज्यों में है।

     राज्य  के 90प्रतिशत स्वास्थ्य कर्मियों, शत प्रतिशत फ्रंटलाइन वर्कर्स और 45 वर्ष से अधिक आयु वर्ग के 77 प्रतिशत नागरिकों को कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए पहली खुराक दी जा चुकी है। प्रदेश  के 68 प्रतिशत स्वास्थ्य कर्मियों, और फ्रंटलाइन वर्कर्स और  12 प्रतिषत 45 वर्ष से अधिक नागरिकों को टीके की दोनों खुराकें दी जा चुकी हैं। 18 वर्ष + के  आयु वर्ग के 9 लाख से अधिक को भी कोरोना से बचाव का पहला टीका लगाया गया ।

       राज्य की कोविड 19 वैक्सीनेशन की स्टेट नोडल एवं राष्टीय स्वास्थ्य मिशन संचालक डाॅ प्रियंका शुक्ला ने कहा कि 18+आयु वर्ग के सभी व्यक्तियों को जिम्मेदार नागरिक का परिचय देते हुए किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न देकर ,आगे आकर टीका लगाना चाहिए जिससे आगामी संभावित संक्रमण से भी बचा जा सकता है और परिवार को भी बचाया जा सकता है।  18 से 44 आयु वर्ग के व्यक्तियों को टीका मिलने की उपलब्धता के अनुसार टीका लगाया जा रहा है।



रायपुर। छत्तीसगढ़ के शहरी क्षेत्रों में मुख्यमंत्री स्लम स्वास्थ्य योजना की मोबाइल मेडिकल यूनिटों (एमएमयू) से झुग्गी बस्तियों में निवासरत लोगों को नियमित जांच-उपचार-दवा का लाभ तो मिल ही रहा है, कोरोना-काल में भी संक्रमण को नियंत्रित करने में ये बहुत काम की साबित हुई हैं। योजना की शुरुआत के बाद से अब तक इस योजना के तहत दस हजार शिविरों के आयोजन किए जा चुके हैं। करीब पांच लाख मरीजों तक मुफ्त जांच, उपचार और दवा की सुविधा पहुंचाई जा चुकी है।

राज्य स्थापना दिवस 01 नवंबर 2020 को मुख्यमंत्री स्लम स्वास्थ्य योजना का शुभारंभ सांसद राहुल गांधी की उपस्थिति में मुख्यमंत्री बघेल द्वारा किया गया था। राज्य के सभी 14 नगर पालिक निगमों में आधुनिक उपकरण से सुसज्जित 60 एमएमयू स्वास्थ्य सेवाएं दे रही हैं। इन मोबाइल मेडिकल यूनिटों में एमबीबीएस डाक्टर द्वारा लगभग 1600 स्लम बस्तियों में कैम्प लगाकर मरीजों को स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही है। एमबीबीएस डाक्टर के साथ कैम्प में मुफ्त दवा वितरण हेतु फार्मासिस्ट, मुफ्त लैब टेस्ट करने हेतु लैब टेक्निशियन, मरीजों की सेवा के लिए एएनएम तथा एमएमयू चालक सेवाएं दे रहे हैं।

पारा-मोहल्ला में घर-घर पहुंच इलाज की सुविधा प्रदान करने वाली इस स्लम स्वास्थ्य योजना ने अब तक लगभग 05 लाख मरीजों का इलाज किया है। इन मरीजों में से लगभग एक लाख बीस हजार मरीजों का मुफ्त लैब टेस्ट किया गया है। एमएमयू में 41 प्रकार के विभिन्न लैब टेस्ट किये जाते हैं। इनमें खून, मल-मूत्र , थूक, टीबी, थायराइड, मलेरिया, टाईफाईड आदि की जांच कुशल लैब टेक्निशियन द्वारा अत्याधुनिक मशीनों से की जाती है। एमएमयू में मुफ्त दवा वितरण सेवा का लाभ लेते हुये लगभग चार लाख चालीस हजार मरीजों ने डाक्टर की पर्ची के आधार पर फार्मासिस्ट से सेवाएं प्राप्त की है। 

एमएमयू में पैरासेटामाल, ब्रुफेन, मेटफार्मिन, एटेनोलोल, बी-कामप्लेक्स, आयरन, फोलिकएसिड, सिफालेक्सिन, एमोक्सिसिलिन, लिमसी, ओआरएस, टिटेनस इंजेक्शन, रैबिज इंजेक्शन आदि दो सौ प्रकार की दवाईयों की उपलब्धता सुनिश्चित की जा रही है। स्लम स्वास्थ्य योजना की एमएमयू गाड़ियों में ब्लड-प्रेशर मापने की मशीन, शुगर टेस्ट की मशीन, ईसीजी मशीन, आक्सीजन सिलेण्डर आदि की भी व्यवस्था है। पांच लाख मरीजों का ईलाज पूर्ण करने की उपलब्धि पर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के अधिकारियों, कर्मचारियों, जिला कलेक्टर तथा एमएमयू की टीम की प्रशंसा की है।@GI@

रायपुर में 15 एमएमयू से लगभग 1.26 लाख, दुर्ग में 4 एमएमयू से लगभग 35 हजार, भिलाई में 3 एमएमयू से लगभग 34 हजार, राजनांदगांव में एमएमयू से लगभग 33 हजार, बिलासपुर में 4 एमएमयू से लगभग 51 हजार, कोरबा में 8 एमएमयू से लगभग 55 हजार, रायगढ़ में 4 एमएमयू से लगभग 33 हजार, अंबिकापुर में 4 एमएमयू से लगभग 26 हजार, जगदलपुर में 4 एमएमयू से लगभग 28 हजार, चिरमिरी में 2 एमएमयू से लगभग 11 हजार, रिसाली में 2 एमएमयू से लगभग 19 हजार, धमतरी में 2 एमएमयू से लगभग 18 हजार, भिलाई-चरोदा में 2 एमएमयू से लगभग 19 हजार एवं बीरगांव में 2 एमएमयू से लगभग 17 हजार मरीजों ने स्वास्थ्य सेवा का लाभ प्राप्त किया है।

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के निर्देशानुसार पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी की जयंती 19 नवंबर 2020 के दिन रायपुर, बिलासपुर, भिलाई, शहरों में महिला स्पेशल दाई-दीदी क्लीनिक भी प्रारंभ किए गए हैं। दाई-दीदी क्लीनिक के माध्यम से रायपुर शहर में 163 कैम्प के माध्यम से 7958 महिलाओं का ईलाज किया गया। इसी प्रकार भिलाई शहर में 165 कैम्प के माध्यम से 9802 महिलाओं का ईलाज और बिलासपुर शहर में 158 कैम्प के माध्यम से 11858 महिलाओं का ईलाज किया गया। 

दाई-दीदी क्लीनिक की एमएमय में महिला एम.बी.बी.एस. डाक्टर, महिला एनएमए, महिला फार्मासिस्ट अपनी सेवाएं प्रदान करती हैं, जिससे महिला मरीजों को अपना ईलाज कराने में संकोच नहीं होता है। यह देश की एकमात्र महिला स्पेशल एमएमयू परियोजना है। कोरोना-काल में भी एमएमयू की टीम द्वारा सतत् सेवाएं प्रदान की गई। ईलाज के साथ-साथ विभिन्न शहरों में लगभग अड़तालीस हजार नागरिकों का टीकाकरण भी एमएमयू में किया गया है। इस योजना का संचालन नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग के द्वारा जिला स्तर पर गठित अर्बन पब्लिक सर्विस सोसायटी के माध्यम से किया जाता है। 

योजना की सतत् दैनादिन मानिटरिंग हेतु चेहरा पढ़कर उपस्थिति दर्ज कराने वाली मोबाईल एप्प निष्ठा, रियल टाईम जीपीएस, सीसीटीवी कैमरा आदि की सुविधा उपलब्ध है। जन शिकायत निराकरण हेतु निदान 1100 टोल-फ्री नंबर की सुविधा के साथ-साथ फीडबैक मशीन की सुविधा भी नगारिकों हेतु एमएमयू में उपलब्ध है। इस योजना की मानिटरिंग हेतु विभाग द्वारा डेडिकेटेड एरिया प्रोजेक्ट मैनेजर की टीम शहर के नोडल अधिकारियों का सहयोग करती है। इस योजना की निरंतर समीक्षा नगरीय प्रशासन मंत्री डा. शिव कुमार डहरिया द्वारा की जा रही है।

एमएमयू में उपलब्ध सुविधाओं एवं कड़ी निगरानी एवं योजना की डिजाईन का ही परिणाम है कि, इस योजना को शहरों की जनता द्वारा अपनाया गया है एवं पांच लाख मरीजों का ईलाज का लक्ष्य योजना की टीम एवं राज्य शहरी विकास अभिकरण द्वारा पूर्ण किया गया है। इस अवसर पर नगरीय प्रशासन मंत्री डा. शिव कुमार डहरिया ने एमएमयू की टीम को बधाई दी है। उन्होंने विभागीय सचिवअलेरमल मंगई डी एवं मुख्य कार्य पालन अधिकारी सौमिल रंजन चौबे को भी बधाई दी तथा योजना विस्तारीकरण हेतु शीघ्र कार्य योजना प्रस्तुत करने के निर्देश दिये हैं।@GI@

पूरब टाइम्स, महासमुंद। एक महिला ने अपनी 5 बेटियों के साथ बुधवार देर रात ट्रेन के सामने कूदकर खुदकुशी कर ली। सभी के शव गुरुवार सुबह रेलवे ट्रैक पर 50 मीटर दूर तक बिखरे पड़े मिले हैं। मरने वाले सभी बच्चों की उम्र 10 से 18 साल के बीच है। बताया जा रहा है कि शराबी पति से विवाद होने के बाद महिला ने ऐसा कदम उठाया। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंच गई है।

जानकारी के मुताबिक, जिले के इमलीभांठा नहर पुलिया के पास गुरुवार सुबह लोगों ने रेलवे ट्रैक पर शव पड़े देखे तो कोतवाली थाना पुलिस को सूचना दी। इसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची। रेलवे को भी इसकी जानकारी दी गई और ट्रेनों की आवाजाही को रोका गया है। स्थानीय लोगों ने ट्रैक पर शव बिखरे देखे तो पुलिस और रेलवे को सूचना दी। इन सभी की मौत लिंक एक्सप्रेस की चपेट में आने से हुई।

बेमचा निवासी महिला उमा साहू (45) का पति केजराम शराब पीने का आदी है। वह बुधवार शाम को भी शराब पीकर घर पहुंचा तो पति-पत्नी के बीच विवाद शुरू हो गया। बात इतनी ज्यादा बढ़ गई कि उमा शाम करीब 7.30 बजे अपनी पांचों बेटियों अन्नपूर्णा (18), यशोदा (16), भूमिका (14), कुमकुम (12) और तुलसी (10) को लेकर घर से निकल गई। इसके बाद से उनका कुछ पता नहीं था। बताया जा रहा है कि रात करीब 9 से 9.30 बजे के बीच लिंक एक्सप्रेस के सामने सभी ने एकसाथ कूदकर जान दे दी।

पूरब टाइम्स रायपुर। रायपुर नगर निगम अब आम लोगों से यह पूछेगा कि उनके मकान में कितने कमरे हैं, कितने फ्लोर हैं, मकान कच्चा है या पक्का और कितने एरिया में बनाया गया है। इसके लिए लोगों को एक फॉर्म भी दिया जाएगा । इस पूरी प्रक्रिया में अगर किसी तरह की आपत्ति हो तो लोग नगर निगम में शिकायत भी कर सकते हैं। दरअसल ये पूरा मामला राजस्व वसूली से जुड़ा हुआ है। नगर निगम रायपुर शहर के हर मकान से टैक्स वसूलता है और इसी प्रक्रिया में सुधार के लिए अब नए सिरे से पूरी जानकारी जुटाने की कवायद की जा रही है।

यह फैसला बुधवार को हुई मेयर इन काउंसिल की बैठक में लिया गया। बैठक के बाद मीडिया को जानकारी देते हुए महापौर एजाज ढेबर ने कहा कि एक फॉर्म हम लोगों को बांटने जा रहे हैं। ये स्व विवरिणिय फॉर्म होगा, इसका मतलब लोग खुद अपने मकान की जानकारी देंगे। इस फॉर्म को भरकर लोग जोन दफ्तरों में जमा करेंगे, इससे नगर निगम के पास से डिटेल जानकारी होगी। इसमें किसी तरह की आपत्ति हो तो लोग आपत्ति दर्ज करवा सकेंगे।

महापौर एजाज ढेबर ने यह साफ किया कि रायपुर के मकानों से लिया जाने वाला टैक्स किसी तरह से बढ़ाया नहीं जाएगा। पिछले कुछ दिनों में रायपुर नगर निगम के राजस्व में करीब 30 करोड़ रुपए की बढ़ोतरी भी हुई है। एजाज ढेबर ने कहा कि रायपुर राजधानी में तीन लाख आठ हजार मकान हैं, लेकिन सिर्फ 2 लाख 46 हजार मकानों से ही राजस्व की वसूली हो पा रही है। नए सिरे से जानकारी जुटाकर सभी को टैक्स वसूली के दायरे में जरूर लाने का प्रयास नगर निगम कर सकता है।

मेयर इन काउंसिल की बैठक में कमल विहार जोकि रायपुर विकास प्राधिकरण का एक रेजिडेंशियल और कमर्शियल लैंड प्रोजेक्ट है इसे नगर निगम को दिए जाने की चर्चा भी हुई। लेकिन फिलहाल महापौर की टीम ने इस प्रस्ताव को गिरा दिया है। अब नगर निगम कमल विहार का अधिग्रहण नहीं करेगा। कमल विहार को लेने के बदले में कोई राशि नगर निगम को नहीं मिली है, दस्तावेज की जानकारी या अधिकारियों से सभी पहलुओं पर बैठक या बातचीत के बाद ही इस मामले में कोई फैसला लिया जाएगा। मेयर इन काउंसिल की बैठक में रायपुर शहर के कुछ चौक चौराहों के नाम बदलने को लेकर भी चर्चा की गई।

पूरब टाइम्स रायपुर। कोरोना संक्रमण के कम होते आंकड़ों के बाद एक बार फिर ट्रेनों की संख्या बढ़ना शुरू हो गई है। यात्रियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए प्रतीक्षित ट्रेन दूरंतो सुपरफास्ट स्पेशल (02096/ 02095) 11 जून से पटरी पर दौड़ना शुरू हो जाएगी। हावड़ा-मुंबई रूट पर यह ट्रेन सप्ताह में 4 दिन चलेगी। कोरोना संक्रमण के चलते इसका परिचालन बंद था। यात्रियों को ट्रेन में कोविड-19 के नियमों का पालन करना होगा।

यह सुपरफास्ट स्पेशल ट्रेन अपने रूट पर सात स्टेशनों पर रुकेगी। हावड़ा से सुबह 5.45 बजे छूटकर 8.50 बजे टाटानगर और दोपहर 2.55 बजे बिलासपुर, शाम 4.35 बजे रायपुर, फिर रात 8.50 बजे नागपुर होते हुए 1.45 बजे भुसावल और सुबह 8.15 बजे मुंबई पहुंचेगी। इसी तरह मुंबई से शाम 5.15 बजे चलेगी और अगले दिन सुबह 9.55 बजे बिलासपुर, शाम 4.15 बजे टाटानगर, फिर रात 8.05 बजे हावड़ा रेलवे स्टेशन पहुंचेगी।

ट्रेन हावड़ा से प्रत्येक सोमवार, मंगलवार, बुधवार और शुक्रवार को व मुंबई से प्रत्येक मंगलवार, बुधवार, गुरुवार और रविवार को 13 जून से उपलब्ध रहेगी। इस स्पेशल ट्रेन में दो पावरकार, 3 AC के 12 कोच, 2 AC के 2 और एक कोच फर्स्ट AC का होगा। इसके अलावा पेंट्रीकार की भी सुविधा मिलेगी। अभी तक ट्रेनों में पेंट्रीकार की सुविधा संक्रमण के चलते बंद रखी गई है। यात्रियों से भी खाने का समान खुद लाने या फिर ऑनलाइन ऑर्डर के लिए कहा गया है।

पूरब टाइम्स रायपुर। छत्तीसगढ़ के आबकारी मंत्री हैं कवासी लखमा, इनका विभाग सरकारी खजाने में शराब से होने वाली आय पहुंचाता है। अब जनता के पैसों से मिलने वाली सरकारी व्यवस्था का दुरपयोग करने का मामला सामने आया है। इनका काफिला मंगलवार को महासमुंद पहुंचा था। एक विभागीय बैठक थी। जिला पंचायत के दफ्तर के बाहर इनकी गाड़ियां खड़ीं थी और गाड़ी का इंजन ऑन था। डीजल और पेट्रोल की कीमत बेतहाशा बढ़ी है, कांग्रेस इसका विरोध कर रही है।

मगर महासमुंद में करीब 1 घंटे तक मंत्री लखमा की फॉर्च्यूनर का इंजन ऑन था। मंत्री लखमा ने करीब दो घंटे तक बैठक ली। जिले के सभी अफसरों से मुलाकात की, स्थानीय नेताओं की दुआ-सलाम भी हुई। दूसरी तरफ बाहर खड़ी मंत्री जी की गाड़ी का AC चलता रहा। इसे कैमरे में कैद कर लिया गया।  जब उनसे ये पूछा गया कि गाड़ी का तेल क्यों फूंक रहे हैं, तो ड्राइवर ने कहा कि साहब निकलने वाले हैं, इसलिए चालू रखी है गाड़ी ताकि AC से गाड़ी ठंडी रहे और आते ही मंत्री जी को गर्मी न लगे, बाहर गर्मी हीट बहुत है क्या करें। इसके बाद ड्राइवर्स ने गाड़ी का इंजन ऑफ कर दिया।

आबकारी मंत्री कवासी लखमा को गर्मी लगती है तो संसदीय सचिव विनोद सेवनलाल चंद्राकर को भी गर्मी लगती है। इनकी इनोवा कार का भी इंजन डीजल फूंकता रहा। AC चलता रहा और गाड़ी ठंडी होती रही। जनता के पैसों का इस कदर दुरुपयोग महासमुंद के जिला पंचायत दफ्तर के बाहर हुअा। कवासी लखमा को महासमुंद का प्रभारी मंत्री बनाया गया है। यहां वो जिला प्रशासन के काम-काम की समीक्षा करने पहुंचे। इस बैठक में द्वारिकाधीश यादव, विधायक देवेंद्र बहादुर सिंह, किस्मत लाल नंद सहित जिला पंचायत के पदाधिकारी, कलेक्टर डोमन सिंह, पुलिस अधीक्षक प्रफुल्ल ठाकुर, जिला पंचायत के प्रमुख आकाश छिकारा सहित आला अधिकारी मौजूद रहे।

रायपुर। रायपुर में मंगलवार को बीएड-डीएड प्रशिक्षणार्थियों के प्रदर्शन को लेकर दिनभर सियासत जारी रही. दरअसल छत्तीसगढ़ के प्रशिक्षित डीएड-बीएड संघ ने रायपुर में धरना-प्रदर्शन रैली और सीएम हाउस के घेराव का कार्यक्रम रखा था. कार्यक्रम से एक दिन पहले कल रात को पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने एक ट्वीट कर आरोप लगाया कि प्रदर्शनकारियों को पुलिस ने पहले ही हिरासत में ले लिया है.


मंगलवार सुबह इस मामले में खूब चर्चा हुई. बाद में संघ के ही पदाधिकारियों ने बयान जारी किया कि किसी को हिरासत में नहीं लिया गया है. फिर क्या था, कांग्रेस हमलावर हो गई. कांग्रेस ने एक के बाद एक ट्वीट करके पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह पर निशाना साधा. पीसीसी अध्यक्ष मोहन मरकाम ने भी ट्वीट कर डॉ. रमन सिंह पर निशाना साधा. 

मोहन मरकाम ने पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह पर बीएड-डीएड प्रशिक्षणार्थियों की गिरफ्तारी के आरोप वाले ट्वीट पर निशाना साधते लिखा कि छत्तीसगढ़ के 15 साल तक मुख्यमंत्री रहे, डॉ. रमन सिंह द्वारा भाजपा आईटी सेल के एक ट्रोल की भांति झूठ और दुष्प्रचार फैलाना बेहद शर्मनाक है. इतनी ओछी राजनीति करके आपको क्या मिलेगा डॉक्टर साहब? 

जिनके बारे में आप लिख रहे हैं, वो स्वयं ही आपको बेनकाब कर रहे हैं. झूठ फैलाना बन्द कीजिए. वहीं रायपुर एसएसपी अजय यादव ने भी इस बात से इनकार किया कि किसी की गिरफ्तारी हुई है. बात यहीं तक नहीं रुकी, रायपुर पुलिस ने अपने ऑफिशियल ट्विटर अकाउंट से ट्वीट कर डॉ. रमन सिंह को लिखा कि महोदय यह बात झूठी है कि किसी की गिरफ्तारी हुई है. इसी बीच शिक्षक अभ्यर्थी संघ के इन लोगों ने शिक्षा मंत्री प्रेम साय सिंह टेकाम से मुलाकात की. उन्हें अपनी मांगों को लेकर ज्ञापन दिया. साथ ही मुलाकात को सार्थक भी बताया. जल्द मांगे नहीं पूरी होने पर आंदोलन की चेतावनी दी.@GI@

पूरब टाइम्स रायपुर।छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग द्वारा पशु चिकित्सा सहायक शल्यज्ञ के पद पर नियुक्ति के लिए परीक्षा का आयोजन किया गया था। इस परीक्षा में चयनित 94 अभ्यर्थियों द्वारा आयोग को प्रस्तुत दस्तावेजों का सत्यापन शासन द्वारा गठित समिति द्वारा 21 जून से 28 जून 2021 तक सवेरे 10.30 बजे से राजधानी रायपुर स्थित कार्यालय संयुक्त संचालक पशु चिकित्सा सेवायें गंज मण्डी गेट पण्डरी के सभाकक्ष में किया जाएगा।
    अभ्यर्थियों के दस्तावेजों को सत्यापन 21 जून को चयन क्रमांक 1 से 15 तक, 22 जून को चयन क्रमांक 16 से 30 तक, 23 जून को चयन क्रमांक 31 से 46 तक और 25 जून को चयन क्रमांक 47 से 62 तक के अभ्यर्थियों के दस्तावेजों का सत्यापन किया जाएगा। इसी तरह 26 जून को चयन क्रमांक 63 से 78 तक और 28 जून को चयन क्रमांक 79 से 94 तक के अभ्यर्थियों के दस्तावेजों का सत्यापन किया जाएगा। इस संबंध में सभी अभ्यर्थियों को सूचना उनके द्वारा दिए गए पते में डाक द्वारा भेज दी गई है। इससे संबंधित जानकारी विभागीय वेबसाइट  http://www.ahd.cg.gov.in   पर भी अपलोड कर दी गई है

रायपुर। केन्द्र की मोदी सरकार की गलत नीतियों के कारण देश में पेट्रोलियम उत्पादों सहित आवश्यक वस्तुओं के मूल्यों में हो रही बेतहाशा वृद्धि के विरोध में पीसीसी चीफ मोहन मरकाम ने प्रदेश के समस्त जिला, ब्लाक मुख्यालयों में 11 जून को सुबह 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक विरोध प्रदर्शन का निर्देश दिया है। इस दौरान पेट्रोल-डीजल पम्पों के समक्ष प्रतीकात्मक विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। 

विरोध प्रदर्शन में स्थानीय प्रदेश पदाधिकारियो, सांसद, पूर्व सांसद, विधायक, पूर्व प्रत्याशी, पूर्व विधायक, एआईसीसी एवं पीसीसी सदस्यों, जिला कांग्रेस के पदाधिकारियों, ब्लाक कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष, पदाधिकारियों, मोर्चा संगठन, प्रकोष्ठ, विभाग के जिला ब्लाक पदाधिकारियों, सोशल मीडिया के प्रशिक्षित सदस्यों, नगरीय-निकाय, त्रि-स्तरीय पंचायत के निर्वाचित जनप्रतिनिधियों, सहकारिता क्षेत्र के पदाधिकारियों, वरिष्ठ कांग्रेसी शामिल होंगे। विरोध प्रदर्शन में कोरोना गाईडलाईन का अनिवार्य रूप से पालन किया जाना है।

पूरब टाइम्स रायपुर। मुख्यमंत्री  भूपेश बघेल से आज यहां उनके निवास कार्यालय में सिलगेर आंदोलन के संबंध में जनसंगठनों के एक प्रतिनिधि मण्डल ने मुलाकात की। मुख्यमंत्री श्री बघेल के साथ उन्होंने इस आंदोलन से जुडे़ विभिन्न विषयों पर चर्चा की। मुख्यमंत्री ने प्रतिनिधि मण्डल को बताया की सिलगेर घटना की दण्डाधिकारी जांच की जा रही है। उन्होंने कहा कि क्षेत्र के लोगों की विकास से जुड़ी जरूरतों को पूरा करने के लिये राज्य सरकार तत्पर है, उन्होंने जनसंगठनों से आगे आकर राज्य सरकार के साथ विकास के काम में सहयोग करने की अपील की। प्रतिनिधि मण्डल ने यह मांग रखी कि सिलगेर गांव का एक प्रतिनिधि मण्डल मुख्यमंत्री श्री बघेल से मिलना चाहता है। मुख्यमंत्री ने उनकी इस मांग पर सहमति व्यक्त की ।
    प्रतिनिधि मण्डल में मानवाधिकार कार्यकर्ता सुश्री बेला भाटिया, छत्तीसगढ़ बचाव आंदोलन के संयोजक  आलोक शुक्ला, छत्तीसगढ़ किसान सभा के अध्यक्ष  संजय पराते और ट्रेड यूनियन संगठन एक्टू के महासचिव  बिजेन्द्र तिवारी शामिल थे। इस अवसर पर मुख्यमंत्री के सलाहकार रूचिर गर्ग, अपर मुख्य सचिव गृह  सुब्रत साहू, विशेष पुलिस महानिदेशक अशोक जुनेजा उपस्थित थे।

पूरब टाइम्स रायपुर। छत्तीसगढ़ में 24 घंटे में 1285 नए कोविड के मरीज मिले हैं। 3 हजार 119 लोगों को ठीक होने के बाद होम आइसोलेशन और अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया है। अब प्रदेश में 21 हाजर 90 एक्टिव मरीज हैं। ताजा मेडिकल बुलेटिन के मुताबिक 26 कोरोना संक्रमितों की मौत एक दिन में हुई। राज्य सरकार ने सोमवार को दिनभर में 49 हजार 509 सैंपलों की जांच की राज्य में अब तक 9 लाख 81 हजार 860 लोगों को कोरोना ने अपनी चपेट में लिया। 9 लाख 47 हजार 527 लोग अब तक ठीक हो चुके हैं और पूरे छत्तीसगढ़ में अब तक 13 हजार 243 संक्रमित लोगों की जान जा चुकी है।

मौजूदा समय में सिनेमा हॉल, स्कूल, कॉलेज, कोचिंग इंस्टीट्यूट पर्यटन स्थल जैसी जगहें बंद हैं। वजह है कोरोना संक्रमण। सरकार की तरफ से मंत्री रविंद्र चौबे ने कहा है कि इस वक्त संक्रमण 2.6 के प्रतिशत पर आ पहुंचा है। जब यह घटकर लगभग 0 रह जाएगा तब जिन सेवाओं पर प्रतिबंध लगा है उन्हें भी शुरू किया जाएगा जैसे स्कूल कॉलेज से जुड़ी संस्थाओं को भी खोला जाएगा, लेकिन फिलहाल इन्हें तब तक नहीं खोला जाएगा जब तक संक्रमण पूरी तरह से नियंत्रण में नहीं आ जाता।

राज्य सरकार की तरफ से जारी किए गए आंकड़ों के मुताबिक 6 जून तक 45 साल से अधिक लोगों को लगाए गए पहले और दूसरे डोज और 18 से 44 एज कैटेगरी के वैक्सीनेशन के आंकड़ों को देखें तो अब तक 71 लाख 13 हजार से अधिक टीके लगाए जा चुके हैं। 45 साल से अधिक के लोगों को 45 लाख 31 हजार 328 पहली डोज, 7 लाख 05161 दूसरी डोज, 18 से 44 वालों को 8 लाख 31 हजार 281 को टीके लगे हैं।

पूरब टाइम्स रायपुर। मुख्यमंत्री  भूपेश बघेल ने कोरोना महामारी के चलते प्रदेश के गरीब परिवारों को बड़ी राहत देते हुए जुलाई से नवम्बर माह तक का चावल निःशुल्क प्रदान करने की घोषणा की है। प्रदेश के सभी बीपीएल राशन कार्ड धारकों को जुलाई से नवम्बर तक पांच माह का चावल निशुल्क दिया जाएगा। इसके साथ ही मुख्यमंत्री ने राज्य खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत जारी सभी राशन कार्डों को पीएम गरीब कल्याण योजना के समकक्ष अतिरिक्त चावल भी देने की घोषणा की है । मुख्यमंत्री की इस घोषणा से प्रदेश के 67 लाख 90 हजार 987 राशनकार्ड के 2 करोड़ 51 लाख 46 हजार 424 सदस्य लाभान्वित होंगे।
 गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ सरकार द्वारा राज्य के गरीब एवं जरूरतमंद परिवारों को राहत प्रदान करने के लिए सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत माह मई एवं जून का चावल का भी निशुल्क वितरण किया गया है। मुख्यमंत्री श्री बघेल की घोषणा के तहत गरीब परिवारों को अब जुलाई से नवम्बर माह तक का चावल भी निःशुल्क दिया जाएगा। इस निर्णय से प्रदेश के अंत्योदय राशन कार्ड, प्राथमिकता वाले राशन कार्ड, अन्नपूर्णा राशनकार्ड एवं निराश्रित तथा निशक्तजन को जारी राशन कार्डधारियों को लाभ मिलेगा। इसके साथ ही राज्य खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत जारी सभी राशन कार्डधारियों को पीएम गरीब कल्याण योजना के समकक्ष अतिरिक्त चावल भी प्रदान किया जाएगा।

पूरब टाइम्स रायपुर । मुख्यमंत्री  भूपेश बघेल ने आज राजधानी रायपुर स्थित अपने निवास कार्यालय में  आयोजित वर्चुअल कार्यक्रम में दुर्ग और बालोद जिले को लगभग 685 करोड़ रूपए की लागत के 244 कार्यों की सौगत दी। मुख्यमंत्री ने इसमें से दुर्ग जिले में 285 करोड़ 87 लाख रूपए की लागत के 57 कार्यों का और बालोद जिले में 399 करोड़ 32 लाख रूपए की लागत के 187 विभिन्न निर्माण कार्यों का लोकार्पण और शिलान्यास किया। इन कार्यों में शिक्षा, स्वास्थ्य एवं पेयजल जैसी बुनियादी सुविधाओं और अधोसंरचना विकास के कार्य शामिल हैं।



उसके पकड़ कर कैम्प लाये जहां पूछताछ व पतासाजी करना शुरू किया गया. जिसके बाद यह स्पष्ट हुआ कि वह व्यक्ति जगरगुंडा वन परिक्षेत्र का डिप्टी रेंजर है, जिसका नाम राजेश यादव है. वह  तेंदूपत्ता खरीदी का नकद भुगतान के लिए जगरगुंडा जा रहा था, जिसकी सूचना मिलते ही रेंजर व वन विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई. उसने वह रकम पंजाब नेशनल बैंक से निकाल कर भुगतान के लिए जा रहा था. प्राप्त जानकारी के अनुसार पुष्टि होने के बाद उसे छोड़ दिया गया.

पूरब टाइम्स रायपुर। मुख्यमंत्री  भूपेश बघेल परिवहन विभाग द्वारा ‘तुंहर सरकार तुंहर द्वार अब पहुंचही जरूरी कागजात आपके द्वार’ नाम से शुरू की जा रही नई सुविधा का एक जून को दोपहर 12 बजे अपने निवास कार्यालय से वर्चुअल शुभारंभ करेंगे। इस नयी सुविधा के माध्यम से परिवहन विभाग द्वारा प्रदेशवासियों को समस्त प्रकार के स्मार्ट कार्ड आधारित ड्रायविंग लायसेंस और रजिस्ट्रेशन प्रमाण पत्र से संबंधित 22 परिवहन सेवाएं स्पीड पोस्ट के माध्यम से आवेदकों एवं वाहन स्वामियों के घर के पते पर पहुंचाया जाएगा। आवेदकों को सेवाएं प्राप्त करने के लिए www.parivahan.gov.in पर आवेदन करना होगा। कार्यक्रम का लाईव प्रसारण https://m.facebook.com/ChhattisgarhCMO/ पर किया जाएगा।

 परिवहन मंत्री  मोहम्मद अकबर ने बताया कि परिवहन विभाग द्वारा शुरू की जा रही इस नई सुविधा में लाइसेंस की 10 और वाहन से सबंधित 12 सेवाएं घर पहुंचाकर दी जाएगी। नये वाहनों का पंजीयन, पुराने वाहनों का आरसीसी में संशोधन, नवीन ड्रायविंग लायसेंस व पुराने लायसेंस में कराए जाने वाले परिवर्तन के बाद ड्रायविंग लायसेंस और रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट (आरसी) सीधे पंजीकृत पते भारतीय डाक के स्पीड पोस्ट के माध्यम से अधिकतम 7 दिवसों में उपलब्ध कराए जाएंगे। इन्हें विभाग द्वारा डिस्पेच करते हुए आवेदकों के दिए गए पते में स्पीड पोस्ट के ट्रेकिंग आईडी सहित एसएमएस भी भेजा जाएगा, जिससे आवेदकों को वस्तु-स्थिति की जानकारी मिल सके। यदि आवेदक घर में उपलब्ध नहीं रहता है तो भी आवेदक को एसएमएस के माध्यम से डिलीवरी के लिए सूचित किया जाएगा। 

 श्री अकबर ने बताया कि वाहन से संबंधित आवेदकों से प्राप्त होने वाले प्रकरण जैसे मोटरयानों का नवीन पंजीयन, स्वामित्व अंतरण, मोटरयान का अल्ट्रेशन, पंजीकृत कार्ड में पता परिवर्तन, मोटरयान में परिवर्तन, फायनेंसन के फ्रेश आरसी, हॉइपोथिकेशन जोड़ना-जारी रखना-रद्द करना, पंजीकृत कार्ड की द्वितीय प्रति, पंजीयन क्रमांक पुनःसमानुदेशन, पंजीयन का नवीनीकरण का परिवहन कार्यालय के द्वारा दस्तावेजों का आवश्यक परीक्षण एवं मोटरयान अधिनियम के प्रावधानों के अनुसार वाहनों का आवश्यक निरीक्षण करने के पश्चात पंजीयन अधिकारी के द्वारा अनुमोदन किया जाएगा। इस नयी व्यवस्था से सुगम संचालन के लिए परिवहन विभाग द्वारा हेल्पलाईन नम्बर 75808-08030 जारी किया जा रहा है। इस हेल्पलाइन के माध्यम से आवेदक परिवहन कार्यालयों को अनुमोदन उपरांत स्मार्ट कार्ड आधारित ड्रायविंग लायसेंस एवं रजिस्ट्रेशन प्रमाण पत्र प्रेषण के संबंध में जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।