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रायपुर। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के निर्देशन में छत्तीसगढ़ के प्रवासी मजदूरों को दूसरे राज्यों से लाने का सिलसिला जारी है। जांजगीर-चांपा जिले के 521 श्रमिक को लेकर वीरामगाम (गुजरात) से स्पेशल ट्रेन चांपा रेलवे स्टेशन पहुंची। चांपा रेलवे स्टेशन पहुंचते ही श्रमिकों के चेहरे पर सुकून और खुशी के भाव थे। विगत 40 दिनों से लाकडाउन में फंसे सभी श्रमिकों ने अपने गृह जिला जांजगीर-चांपा पहुंचने पर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को धन्यवाद देते हुए उनका आभार जताया। 

जिला प्रशासन द्वारा चांपा रेलवे स्टेशन पर पूर्व से ही प्लेटफार्म को स्वच्छता, मजदूरों के लिए भोजन, पेयजल , और स्वास्थ्य जांच की मुकम्मल व्यवस्था सुनिश्चित कर ली गई थी। रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म में रेल में सवार सभी 521 श्रमिकों को स्वल्पाहार, पेयजल उपलब्ध कराया गया। इसके बाद 2-2 बोगी के अंतराल में श्रमिकों को ट्रेन से उतारकर सोशल डिस्टेंस का पालन करते हुए खंडवार स्थापित स्वास्थ्य विभाग के स्टालों में थर्मल स्कैनिंग और स्वास्थ्य जांच की कार्यवाही की गई ।

रायपुर। छत्तीसगढ़ की सीमा पार करके मजदूर रायपुर आ रहे हैं। और उनके लिए टाटीबंध में खाना-पानी की पूरी व्यस्था की जाती हैं। ऐसे में आज शाम रायपुर में महाराष्ट्र से 20 मजदूर ऑटो में आये जिन्हे छत्तीसगढ़ की सीमा में रोका नहीं गया। उन मजदूरों से बातचीत की तब ऑटो चालक ने बताया कि सारे मजदूर झारखण्ड के रहने वाले हैं। और ये सारे मजदूर महाराष्ट्र काम करने गए थे। और देश में लगे लॉकडाउन की वजह से सभी मजदूर डर गए। और महाराष्ट्र से ऑटो करके रायपुर तक आ गए और सभी मजदूरों को उनके घरों तक ऑटो में पहुंचाने के लिए महाराष्ट्र ऑटो संघ के कुछ ऑटो चालक सबको लेकर उनके घर छोड़ने निकल पड़े।

जगदलपुर। जगदलपुर के किरंदुल नगर के मुख्य बाजार में देर रात लगभग 2.45 बजे भीषण आग लगने से 7 दुकानें जलकर खाक हो गई। इस आगजनी में एक बुजुर्ग बुरी तरह झुलस गया। फिलहाल आगजनी कैसे हुई और इसमें कितना नुकसान हुआ है, इसकी जानकारी नहीं मिल पाई है। लेकिन आग की विभीषिका देखकर अंदाजा लगाया जा सकता है कि इससे काफी नुकसान हुआ होगा। बताया जा रहा है कि ये आगजनी रात 2.45 के लगभग हुई है। 

इस आगजनी में एक बुजुर्ग निर्मल साहा 70 वर्ष बुरी तरह झुलस गया। जिसे शीघ्र उपचार के लिए एनएमडीसी अस्पताल भिजवाया गया जहां उसकी उपचार चल रही है। डॉक्टर के अनुसार आगजनी में व्यक्ति शत-प्रतिशत झुलस गया है। अचानक हुई आगजनी की घटना की सूचना फायर ब्रिगेड को दी गई। जिसने आधा घंटे के भीतर आग पर काबू पा लिया। इस आगजनी में श्याम, राहुल, केबो घोष, संजय, धन्नो तथा राहुल जिनकी फल, सब्जी, जूता एवं कपड़े की दुकान की थी।

रायपुर। छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी की हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है। लेकिन डॉक्टरों का कहना है कि देर रात उनके बाएं हाथ के अंगूठे में दो बार थोड़ी हलचल देखने को मिली। इससे डॉक्टरों को उम्मीद है कि  जोगी के स्वास्थ्य में सुधार हो सकता है। हालांकि डॉक्टरों का कहना है कि उनकी स्थिति अभी भी गंभीर बनी हुई है। 

आपको बता दें कि अजीत जोगी को हार्ट अटैक के बाद 9 मई को देवेंद्र नगर स्थित अस्पताल में भर्ती कराया गया है। आज जारी मेडिकल बुलेटिन के मुताबिक, अजीत जोगी की स्थिति पहले जैसी ही बनी हुई है। मष्तिष्क की गतिविधियां बेहद कम हैं। उनका हृदय, ब्लड प्रेशर और यूरिन आउटपुट नियंत्रित है. उन्हें वेंटीलेटर के माध्यम से सांस दी जा रही है।

जगदलपुर। लॉकडाउन ने उन मजदूरों की चिंताएं बढ़ा दी हैं, जो घर से दूर अपनी रोजी-रोटी के लिए हजारों किलोमीटर दूर गए थे। लेकिन लॉकडाउन के लगते ही उनके वापसी के सारे रास्ते बंद हो गए और रह गई तो सिर्फ लाचारी और बेबसी। हालांकि इस बीच राज्य सरकार ने मई महीने से मजदूरों के लिए विशेष ट्रेनों का इंतजाम किया और ट्रेनें भी आने लगी हैं। इस बीच कई जगहों के मजदूर ऐसे हैं, जिनकी जुबां पर एक ही आवाज है- चाहे कितना भी दिन लगे साहब, हम पैदल ही जाएंगे घर वापस। ऐसे ही 14 मजदूरों की दास्तां है ये। झारखंड पलामू जिला के रहने वाले 14 मजदूर आंध्र प्रदेश के विजयवाड़ा में काम करने गए हुए थे। 

लॉक डाउन लगने के बाद यह मजदूर वहां फंस कर रह गए। किसी प्रकार इन्होंने 45 दिन लाक डाउन के निकाले अब इन मजदूरों को पता चल चुका है कि लॉक डाउन और बढऩे वाला है, जिसको लेकर मजदूर पैदल विजयवाड़ा से झारखंड के लिए निकल चुके हैं। विजयवाड़ा से चलते हुए जगदलपुर पहुंचकर यहां से झारखंड अपने गांव जाने के लिए 14 मजदूर पैदल सफर कर रहे हैं। इन मजदूरों का कहना है कि खाने पीने के लिए उनके पास पैसे भी नहीं है सरकार यदि मदद कर दे तो हम उनका शुक्रिया अदा करेंगे नहीं तो कितने भी दिन लग जाएं हम पैदल चलकर अपने घर पहुंच ही जाएंगे।

रायपुर। छत्तीसगढ़ में एंटी करप्शन ब्यूरो ने आज बड़ी कार्रवाई करते हुए एक लेखापाल और पटवारी को रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। मिली जानकारी के अनुसार, प्रतापपुर सूरजपुर में स्वास्थ विभाग के चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी की पेंशन ग्रेच्युटी की राशि दिलवाने के बदले बीएमओ ऑफिस का लेखापाल गिरवर कुशवाह रिश्वत मांग रहा था। जिसे एसीबी ने रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। 

रायपुर। छत्तीसगढ़ में एक और कोरोना संक्रमित मरीज ठीक हो गया है। अभी तक राज्य में कुल 59 लोगों मे कोराना के संक्रमण की पुष्टि की जा चुकी है, जिनमें से 55 लोग अब तक ठीक हो चुके हैं। राज्य के कबीरधाम क्षेत्र में रहने वाले एक शख्स को ठीक होने के बाद अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया है। हालांकि फिलहाल डॉक्टरों ने उसे 14 दिनों के लिए क्वारंटाइन में रहने को कहा है। ऑल इंडिया इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज की तरफ से इस बारे में जानकारी दी गई है। 

जानकारी के मुताबिक स्वस्थ हुए मरीजों को अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है। एम्स रायपुर के मुताबिक अब अस्पताल में कोरोना के सिर्फ 4 मरीजों का इलाज चल रहा है और इन सभी की स्थिति स्थिर बनी हुई है। गौरतलब है कि देश में संक्रमितों की संख्या 70 हजार से ज्यादा हो चुकी है। स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक देश में कोरोना वायरस के 70,756 मामले सामने आ चुके हैं जिनमें से 46,008 लोगों का इलाज फिलहाल चल रहा है। इसके अलावा 22,454 मरीज ठीक हो गए हैं और 2293 लोगों की मौत हो दर्ज की गई है। 

कोरिया। जिले से लगे मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ की सीमा पर सरकारी नियमों की पेंच में एक बुजुर्ग की जान चली गई. बीमार बुजुर्ग को ऑक्सीजन की जरूरत थी, लेकिन अधिकारियों ने उन्हें सीमा पार नहीं जाने दिया और बगैर इलाज के बुजुर्ग की कार में हार्ट अटैक आने से मौत हो गई। कोरोना संक्रमण की वजह से लगे लॉकडाउन में मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ सीमा पर स्थित घुटरी टोला बैरियर से मध्यप्रदेश के लोगों को प्रवेश नहीं दिया जा रहा है।

इधर, उमरिया से एसईसीएल कोरबा में मैनेजर राकेश नीलेश मिश्रा अपनी माता के साथ पिता का इलाज कराने बिलासपुर जा रहे थे. अचानक तबीयत खराब होने के कारण वे मनेन्द्रगढ़ की ओर मुड़े, लेकिन वे जैसे ही घुटरी टोला पहुंचे कि वहां उन्हें से अंदर जाने से रोक दिया गया। बैरियर पर वे तैनात लोगों से निवेदन कर ही रहे थे कि, उनके वृद्ध पिता की हार्ट अटैक आने से मौके पर ही मौत हो गई।

बगैर इलाज के बुजुर्ग की मौत पर उनकी पत्नी और बेटे एक तरह से बदहवास हो गए. वहीं स्थल पर मौजूद लोग भी बैरियर पर तैनात अधिकारियों को कोसते नजर आए. दरअसल, घुटरीटोला बेरियर में बाहर से आने वाले तमाम लोग बेहद परेशान हैं. इसके लिए प्रशासनिक लचर व्यवस्था जिम्मेदार है, क्योंकि हर अनुमति में एसडीएम या कलेक्टर के आदेश की मांग की जाती है।

दंतेवाड़ा।  छत्तीसगढ़ के दंतेवाडा जिले के बारसूर ब्लॉक स्थित सीएएफ कंजर्वेटिव आर्म फोर्स के कैंप में बुधवार की सुबह एक जवान की करंट लगने से मौत हो गई। बताया गया कि उस दौरान जवान कैंप परिषर में साफ-सफाई का काम कर रहा था। जहां उसी दौरान जवान करंट की चपेट में आ गया। जवान को करंट लगता देख अन्य साथी भी उसे बचाने पहुंचे, लेकिन तब तक वह पूरी तरह झुलस गया था और मौके पर ही उसकी मौत हो गई। बता दें कि मृत जवान उत्तर प्रदेश के बलिया जिले का रहने वाला था।

स्थानीय सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार करंट लगने से सीएएफ जवान की आज सुबह मौत हो गई है। बारसूर थाना इलाके में स्थित सीएएफ कैंप में यह घटना घटी। मृतक जवान यहीं पदस्थ था। आज सुबह कुछ जवान नाली की सफाई कर रहे थे। बताया गया कि एक इलेक्ट्रिक वायर नाली के पास से होकर गुजरा जा रही थी। जिसमें करंट था और किसी का ध्यान उस तरफ नहीं था। जवान का ध्यान उस ओर नहीं गया और वह उस तरंगित तार की चपेट में आ गया। इस दौरान आस-पास मौजूद साथियों ने उसे बचाने की कोशिश की, लेकिन जवान की जान नहीं बच पाई और मौके पर ही जवान की मृत्यु हो गई। मृतक जवान मुन्नाराम यादव मूल रूप से उत्तर प्रदेश के ग्राम बजावन (बलिया जिला) का निवासी था।

रायपुर। छत्तीसगढ़ के मुख्य विपक्षी दल भाजपा ने सोमवार को राज्यपाल अनुसुइया उईके को राज्य में पूर्ण शराब बंदी समेत पांच सूत्रीय मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा था। पार्टी ने इन मांगों को लेकर धरना-प्रदर्शन का ऐलान किया है। वरिष्ठ नेताओं ने सोमवार को यहां बताया कि पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री रमन सिंह के नेतृत्व में एक प्रतिनिधिमंडल ने सोमवार को राज्यपाल उईके को पांच सूत्रीय मांग को लेकर ज्ञापन सौंपा था। और कहा था की 12 मई को राज्य के भाजपा कार्यकर्ता एक दिन का धरना देंगे। यह धरना भाजपा के नेता-कार्यकर्ता अपने-अपने घरों के बाहर धरना दे रहे है। इसी अंदाज़ में आज बृजमोहन अग्रवाल अपने निवास के बाहर धरने पर बैठे है और अपनी मांगों के लेकर राज्य सरकार का विरोध कर रहे है।


जानकारी के मुताबिक मृतिका युवती का नाम अंजली तिवारी है, जो कि भिलाई की रहने वाली थी. सुकमा में उसकी मां शिक्षिका और उसी के साथ रहती थी. बताया जा रहा है कि आज तड़के सुबह एक दोस्त से चैटिंग में डीपी चेंज करने को कहा, लेकिन दोस्त ने डीपी चेंज करने से मना कर दिया। जिसके बाद युवती ने मजाक में वीडियो बनाकर डराकर बात मनवाने की कोशिश कर रही थी। इसी दौरान संतुलन बिगड़ा और युवती फंदे में लटक गई. यही मजाक मौत में तब्दील हो गई।

रायपुर। राज्यपाल अनुसुईया उइके ने मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को लॉकडाउन के दौरान शराब के सेवन से हो रहे अपराधों पर नियंत्रण करने के संबंध में पत्र लिखा है. राज्यपाल ने इस संबंध में प्राप्त विभिन्न ज्ञापनों का उल्लेख करते हुए आग्रह किया है कि इस संबंध में शासन स्तर पर उचित नीतिगत निर्णय लिया जाए, ताकि लॉकडाउन के दौरान मद्यपान से उत्पन्न आपराधिक गतिविधियों एवं दुर्घटनाओं पर नियंत्रण किया जा सके। 

राज्यपाल ने अपने पत्र के माध्यम से कहा है कि विभिन्न संचार माध्यमों से यह सूचना प्राप्त हो रही है कि लॉकडाउन के दौरान अपराधी प्रवृत्ति के व्यक्तियों द्वारा शराब पीकर पत्रकारों, अधिकारियों, चिकित्सा कर्मियों, सफाई कर्मियों के साथ दुर्व्यवहार एवं आपराधिक कृत्य किये जा रहे हैं, जिन्हें प्रभावी तरीके से रोके जाने की आवश्यकता है। 

रायपुर। कोरोना वायरस की वजह से लॉकडाउन छत्तीसगढ़ में मार्च से ही 2 महीने का राशन मुफ्त देने की पहल कर दी गई थी, और अब तीसरे माह का भी राशन कार्डधारियों को मुफ्त दिया दी। अंबिकापुर स्थित अपने निवास में खाद्य मंत्री अमरजीत भगत ने कोविड-19 से लड़ने में छत्तीसगढ़ सरकार की भूमिका को लेकर पत्रकारों से चर्चा की, इस दौरान खाद्य मंत्री ने जानकारी दी कि छत्तीसगढ़ में लगभग 56 लाख बीपीएल और 9 लाख एपीएल कार्डधारक हैं। 

कुल मिलाकर छत्तीसगढ़ में 65 लाख कार्डधारक है, जिससे छत्तीसगढ़ के लगभग ढाई करोड़ लोगों की भोजन की व्यवस्था की जाती है. यही नहीं जिन लोगों के पास राशन कार्ड नहीं है, उन्हें भी खाद्य सामग्री दी जा रही है। मंत्री ने लॉकडाउन के दौरान खाद्य विभाग द्वारा उठाए गए कदमों की जानकारी देते हुए बताया कि 300 राहत शिविर बनाए गए हैं, जिनमें अन्य राज्यों से आने वाले वह छत्तीसगढ़ राज्य के लोगों को लगातार भोजन कराया जा रहा है। 

रायपुर। अजीत जोगी की तबीयत स्थिर लेकिन नाजुक बनी हुई है। उन्हें वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखा गया है, लेकिन उनकी स्थिति पहले की तुलना अब बेहतर हो गयी है। इधर अजीत जोगी की तबीयत का हाल जानने लगातार लोग पहुंच रहे हैं, तो वहीं कई लोगों ने अजीत जोगी का हाल फोन पर भी जाना है। राहुल गांधी ने फोन पर रेणु जोगी से बात की है और अजीत जोगी की तबीयत के बारे में जानकारी ली है। उन्होंने अजीत जोगी के जल्द स्वस्थ्य होने की कामना भी की है। वहीं मुख्यमंत्री भूपेश बघेल भी फोन कर जोगी की तबीयत के बारे में जानकारी ली है। पूर्व मुख्यमंत्री रमन सिंह और नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक के अलावे पूर्व मुख्यमंत्री मोतीलाल वोरा ने भी अजीत जोगी की तबीयत के बारे में फोन पर जानकारी ली।

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के पिता नंदकुमार बघेल भी अस्पताल पहुंचे और रेणु जोगी और अमित जोगी से मुलाकात की और तबीयत की जानकारी ली। वहीं भाजपा के दिग्गज नेता बृजमोहन भी अस्पताल पहुंचे और अजीत जोगी के जल्द स्वस्थ्य होने की कामना की। नारायणा अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनकी हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है। उन्हें वेंटिलेटर पर ही रखा गया है। हालांकि उनकी तबीय अब पहले पहले बेहतर बतायी जा रही है।

मुख्यमंत्री बघेल ने अमित जोगी से चर्चा में उन्हें आश्वस्त किया कि चिंता न करें अजीत जोगी के स्वास्थ्य के संबंध में राज्य सरकार द्वारा हर संभव पहल की जाएगी। पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी की तबीयत फिर से बिगड़ गई है। सीएम बघेल ने अमित जोगी से फोन पर चर्चा कर पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी के स्वास्थ्य के बारे में पूरी जानकारी ली। पूर्व मुख्यमंत्री जोगी के लिए चर्च में की प्रार्थना : पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी की हालत बिगडऩे के बाद उन्हें नारायणा अस्पताल में लाया गया। इस दौरान उनके पुत्र अमित जोगी के साथ बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे। जोगी के स्वस्थ होने की कामना कार्यकर्ताओं ने की। पुत्र अमित जोगी ने ट्विटर के जरिए अपने पिता के लिए समर्थकों से दुआ मांगने की अपील की। इधर, अजीत जोगी के शीघ्र स्वस्थ होने के लिए चर्च के पादरियों ने दुआ मांगी।

रायपुर। लॉकडाउन के बीच जिला प्रशासन ने कपड़ा कारोबारियों को बड़ी राहत देते हुए सोमवार से पंडरी कपड़ा मार्केट समेत आसपास के पांच बड़े कपड़ा बाजारों को खोलने की अनुमति दे दी है। पंडरी कपड़ा दुकानदारों ने शुक्रवार को दुकानें खोल ली थी। इसके बाद उनका पुलिस, निगम और प्रशासन के अफसरों से विवाद भी हुआ। आठ दुकानदारों से 16 हजार रुपए का जुर्माना भी वसूला गया। पंडरी के रसूखदार कारोबारियों ने इसकी शिकायत सीएम तक पहुंचा दी। शनिवार को रायपुर उत्तर विधानसभा के विधायक सुबह से ही पंडरी कपड़ा बाजार खुलवाने के लिए सक्रिय हो गए। एक घंटे से ज्यादा समय तक चली बैठक के बाद कपड़ा मार्केट खोलने को लेकर सहमति बन गई। यह संकेत भी मिले कि मंगलवार से जूता-चप्पल की दुकानें भी खोल दी जाएंगी। इससे कारोबारियों का एक वर्ग तो संतुष्ट हुआ, लेकिन संगठन में ही बड़ा विवाद खड़ा हो गया है और नौबत चैंबर के दो-फाड़ होने तक आ गई है।

प्रशासन ने पंडरी थोक कपड़ा मार्केट के साथ, महालक्ष्मी क्लॉथ मार्केट, इंदिरा गांधी व्यवसायिक परिसर, न्यू क्लॉथ मार्केट, पगारिया कांप्लेक्स की दुकानों और जय हिंद मार्केट को सुबह 11 से दोपहर 3 बजे तक खोलने की अनुमति दे दी है। इसके अलावा शहर के बाकी कपड़ा दुकानें नहीं खुल सकेंगी। अफसरों ने तय किया है कि एक साथ बाजार की सभी दुकानें नहीं खोली जाएंगी। पहले दिन सोमवार को सड़क की सिर्फ एक लाइन की दुकानें खुलेंगी, दूसरी लाइन की दुकानें मंगलवार को खुलेंगी। तब सोमवार को खोली गई दुकानें बंद रहेंगी।

कपड़ा बाजार खोलने के बाद शहर के जूता-चप्पल दुकानों को खोला जाएगा। प्रशासन ने इसकी भी तैयारी कर ली है। शादियों और त्योहार का सीजन होने की वजह से जूता कारोबारियों को भी दुकानें खोलने की अनुमति दी जा रही है। सोमवार को इसका आदेश जारी हो सकता है। अफसरों की माने तो मंगलवार से शहर के सभी सिंगल जूता-चप्पल की दुकानें खुल जाएंगी। इसके लिए भी सिस्टम पंडरी जैसे ही रहेगा। यानी जहां दुकानें ज्यादा हैं वहां हर दिन एक-एक लाइन की दुकानें खुलेंगी।

रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य के प्रथम मुख्यमंत्री की तबियत में आज सुबह तक कोई सुधार नहीं आया है। उनका उपचार रायपुर के एक निजी अस्पताल में भर्ती विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम कर रही है। आज सुबह जारी मेडिकल बुलेटिन के अनुसार अजीत जोगी कोमा में हैं। अस्पताल के मेडिकल डायरेक्टर डॉ. सुनील खेमका ने बताया, अजीत जोगी की स्थिति अत्यंत गंभीर बनी हुई है। उनका ईलाज डॉ. पंकज ओमर के नेतृत्व में जारी है। अस्पताल की विभिन्न स्पेशलिटी के 8 डॉक्टरों की टीम उनका उपचार कर रही है। फिलहाल उनका ह्रदय सामान्य है। ब्लड प्रेशर भी दवाओं से नियंत्रित है।  

लेकिन रेस्पिरेटरी अरेस्ट होने के बाद जो कुछ देर तक उनके मस्तिष्क में ऑक्सीजन नहीं गया उस वजह से उनके दिमाग को नुकसान पहुंचा है। डॉ. खेमका ने बताया, चिकित्सकीय भाषा में उन्हें हाईपॉक्सिया हुआ है। अभी की स्थिति में जोगी की न्यूरोलॉजिकल (मष्तिष्क) की गतिविधियां लगभग नहीं के बराबर है। सरल शब्दों में कहा जाए तो अजीत जोगी कोमा में हैं। साथ ही उन्हें वेंटीलेटर के माध्यम से सांस दी जा रही है। डॉक्टरों की टीम जोगी के स्वास्थ्य सुधार की भरसक कोशिश कर रही है, लेकिन अभी की स्थिति चिंताजनक है। अगले 48 घंटों में यह समझ आएगा की उनका शरीर दवाओं को कैसा रिस्पांस दे रहा है।

रायपुर। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने केन्द्रीय कोयला मंत्री प्रहलाद जोशी को पुन: पत्र प्रेषित कर राज्य के कोल ब्लाकों से वसूल की गई छत्तीसगढ़ के हक की अतिरिक्त लेवी की राशि राज्य हित में उपलब्ध कराई जाने का आग्रह किया है। मुख्यमंत्री ने कोरोना संक्रमण और लॉकडाउन की वजह से निर्मित परिस्थिति एवं राज्य सरकार द्वारा कोरोना की रोकथाम के लिए किए जा रहे उपायों के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु छत्तीसगढ़ राज्य के 8 पूर्व कोल ब्लाक आबंटितियों से कोयला खानों से निकाले गए कोयले के एवज में वसूल की गई 4140.21 करोड़ रूपए से अधिक की अतिरिक्त लेवी की राशि को राज्य हित में तत्काल उपलब्ध कराए जाने का अनुरोध किया है।

मुख्यमंत्री ने केन्द्रीय कोयला मंत्री प्रहलाद जोशी को प्रेषित अपने पत्र में बीते 23 जनवरी को भेजे गए अपने पत्र का भी उल्लेख करते हुए कहा कि प्रदेश के निरस्त किए गए कोल ब्लाको में से कुल 8 पूर्व कोल ब्लाक आबंटितियों से कोयला खानों से निकाले गए कोयले के एवज में 295 रूपए प्रति मीट्रिक टन की दर से राशि भारत सरकार के कोयला खान मंत्रालय द्वारा अतिरिक्त लेवी के रूप में जमा कराई गई है, जो लगभग 4140.21 करोड़ रूपए से भी अधिक है। इस राशि को राज्य हित में देने का आग्रह किया गया था, परंतु आज पर्यन्त भारत सरकार कोयला मंत्रालय द्वारा इस संबंध में की गई कार्रवाई की जानकारी अप्राप्त है।

मुख्यमंत्री ने अपने पत्र में भारत सरकार कोयला मंत्रालय द्वारा 27 अगस्त 2015 के पत्र के संबंध में राज्य सरकार के मत का उल्लेख करने के साथ ही इस संबंध में माननीय उच्चतम न्यायालय द्वारा पारित आदेश का उल्लेख करते हुए कहा है कि निर्धारित व वूसल की गई अतिरिक्त लेवी अंतत: राज्य सरकार को देय होनी चाहिए। मुख्यमंत्री ने भारत के संविधान के अनुच्छेद के विभिन्न प्रावधानों, खान एवं खनिज अधिनियम 1951, खनिज रियायत नियम 2016 के नियमों एवं छत्तीसगढ़ भू-राजस्व संहिता के प्रावधानों का भी अपने पत्र में विस्तार से उल्लेख करते हुए कहा है कि राज्य सरकार का स्वामित्व होने तथा खनिजों पर राज्य शासन के पक्ष में रायल्टी, लेवी एवं अन्य कर वसूलने का प्रावधान है। 


मुख्यमंत्री ने कहा है कि संविधान में उल्लेखित प्रावधानों तथा माननीय सर्वोच्च न्यायालय द्वारा पारित विभिन्न आदेशों से यह स्पष्ट है कि पूर्व कोल ब्लाक आबंटितियों से 295 रूपए प्रति मीट्रिक टन की दर से भारत सरकार कोयला मंत्रालय द्वारा जमा कराई गई अतिरिक्त लेवी की राशि छत्तीसगढ़ राज्य शासन के हक की राशि है। मुख्यमंत्री ने कहा है कि वैश्विक महामारी कोविड-19 के संक्रमण को रोकने के लिए पूरे देश सहित छत्तीसगढ़ में बीते डेढ़ माह से लॉकडाउन है। कोरोना महामारी से छत्तीसगढ़ राज्य भी प्रभावित है। राज्य में इसकी रोकथाम के लिए कई सुरक्षात्मक उपाय लागू किए गए हैं। जिसके फलस्वरूप प्रदेश में कोरोना वायरस के केवल 59 व्यक्ति अब तक संक्रमित पाए गए हैं।

जिसमें से 43 व्यक्ति स्वस्थ्य हो चुके हैं। वर्तमान में 16 संक्रमितों का इलाज चल रहा है। कोरोना संक्रमण की रोकथाम, प्रदेश के मजदूरों के पलायन की स्थिति को रोकने तथा अन्य प्रदेशों में छत्तीसगढ़ राज्य के रह रहे श्रमिकों के स्वास्थ्य एवं खाद्यान्न की आपूर्ति एवं भारत सरकार की गाईडलाइन के अनुसार लोगों के आवागमन की व्यवस्था के तत्कालिक कार्य कराए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री श्री बघेल ने कहा है कि राज्य शासन के हक की अतिरिक्त लेवी राशि उपलब्ध कराए जाने से वैश्विक महामारी कोविड-19 के संक्रमण की रोकथाम एवं इससे उत्पन्न स्थिति से प्रदेश की जनता के हित में और अधिक मजबूती से कार्य किया जा सकेगा। मुख्यमंत्री ने केन्द्रीय कोयला खान मंत्री से अतिरिक्त लेवी की राशि लगभग 4140.21 करोड़ रूपए को राज्य हित में यथाशीघ्र उपलब्ध कराए जाने की कार्रवाई करने का अनुरोध किया है।