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बाहर से आने वाले श्रमिकों को चौदह दिन के क्वारंटीन में रखा जाएगा।

03/05/2020
पूरब टाइम्स दुर्ग। लाकडाउन में दूसरे राज्यों में फंसे श्रमिकों की जिले में वापसी की स्थिति में उनके स्वास्थ्य परीक्षण, क्वारंटीन एवं क्वारंटीन सेंटर की सुविधाओं के संबंध में पुख्ता तैयारियां शुरू हो गई हैं। जनपद मुख्यालय में एवं पंचायतों में क्वारंटीन सेंटर होंगे। क्वारंटीन के लिए स्कूलों को चुना गया है। सभी क्वारंटीन सेंटर में पानी-बिजली जैसी मूलभूत सुविधाओं को सुनिश्चित कर लिया गया है। जिन केंद्रों को चुना गया है उन्हें सैनिटाइज करने के निर्देश दिए गए हैं। क्वारंटीन सेंटर में कोरोना संक्रमण की रोकथाम के लिए सभी जरूरी निर्देशों के पालन के संबंध में अधिकारियों को अवगत करा दिया गया है। श्रमिकों के आते ही उनका स्वास्थ्य परीक्षण किया जाएगा। स्वास्थ्य परीक्षण में किसी तरह के लक्षण नहीं पाए जाने पर उन्हें  चौदह दिन के क्वारंटीन में रखा जाएगा। इस दौरान स्थानीय अमला लगातार इस बात की मानिटरिंग करेगा कि बाहर से आने वाले लोग पूरी तरह से सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते रहें। बैठक में सीईओ ने अधिकारियों को कहा कि स्थानीय अमला बाहर से आने वाले किसी भी ग्रामीण की सूचना मिलने पर तुरंत उसके क्वारंटीन की और आवश्यक स्वास्थ्य जांच की कार्रवाई करे। सीईओ ने कहा कि सभी ग्राम पंचायतों एवं क्वारंटीन केंद्रों में कोविड आपात सेल से जुड़े अधिकारियों के नंबर चस्पा किए जाएं ताकि किसी भी तरह का फीडबैक देने में ग्रामीणों को आसानी हो और फीडबैक मिलते ही व्यवस्था और बेहतर करने के लिए जुट जाएं। बैठक के दौरान मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत, कार्यक्रम अधिकारी, कार्यपालन अभियंता ग्रामीण यांत्रिकीय सेवा, अनुविभागीय अधिकारी, उपसंचालक कृषि, अनुविभागीय अधिकारी, सिंचाई विभाग, अनुविभागीय अधिकारी ग्रामीण यांत्रिकी सेवा, उपअभियंता उपस्थित रहे ।
मनरेगा कार्यों की समीक्षा- सीईओ ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में उपयोगी कार्यों का चिन्हांकन करें। साथ ही मनरेगा कार्यों में सोशल डिस्टेंसिंग का ध्यान रखें। सैनिटाइजेशन की पर्याप्त व्यवस्था हो। सीईओ ने कहा कि गौठानों में चल रहे कार्यों को भी गुणवत्तापूर्वक एवं नियत समय पर पूरा करें। उन्होंने हितग्राहीमूलक कार्य जैसे मुर्गी पालन, बकरी पालन, कुक्कुट पालन, पशु शेड, बाड़ी के निर्माण कार्य अधिक से अधिक संख्या में कराये जाने के निर्देश भी दिए। बीजाभाट सचिव निलंबित- बैठक में सीईओ ने ग्राम पंचायतों में चल रहे मनरेगा कार्यों की समीक्षा भी की। ग्राम पंचायत बीजाभाठ की समीक्षा के दौरान यहां कार्य स्वीकृत होने के बावजूद आरंभ नहीं कराया गया था। अतएव यहां के सचिव  गिरिजा शंकर वर्मा को निलंबित करने के निर्देश उन्होंने दिये। सीईओ ने कहा कि मनरेगा के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में रोजगार सृजन और उपयोगी संरचनाओं का निर्माण सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसमें किसी भी तरह की ढिलाई बर्दाश्त नहीं की जाएगी।